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Monday, July 15, 2024

जहरीली ताड़ी पीने से एक मौत ताड़ी ठेकेदार की गिरफ्तार की मांग को लेकर किया प्रदर्शन

 

लखनऊ – काकोरी में जहरीली ताड़ी पीने से एक मनरेगा मजदूर की मौत हो गई जबकि दो लोगों की हालत नाजुक बनी हुई है। दोनों को ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है। हादसे से नाराज ग्रामीणों ने शव रखकर प्रदर्शन किया। वे 20 लाख रुपये मुआवजा, ताड़ी ठेकेदार का लाइसेंस निरस्त कर उसे गिरफ्तार किए जाने व एसओ को निलंबित किए जाने की मांग कर रहे थे। करीब चार घंटे तक हंगामा चलता रहा, बाद में पूर्व मंत्री कौशल किशोर के आश्वासन पर ग्रामीण शांत हुए।

ग्राम मंडौली, काकोरी निवासी सुखवीर (35) मनरेगा का मजदूर था। शनिवार सुबह करीब 11 बजे सुखबीर अपने दो साथियों रामचंद्र व रामऔतार उर्फ भंदू के साथ दुर्गागंज स्थित ताड़ीखाने आया था। सुखवीर ने आर्यावर्त ग्रामीण बैंक के खाते पांच सौ रुपये निकाले थे और इसके बाद दोनों दोस्तों के साथ ठेके पर बैठकर ताड़ी पी। रामचन्द्र के अनुसार सुखवीर ने पहले तीन व बाद में 2 बोतलें खरीदी थीं। ताड़ी पीने के कुछ देर बाद तीनों की हालत बिगड़ने लगी, इस पर ठेके के सेल्समैन राजेन्द्र ने उन्हें बाहर भगा दिया। इसके कुछ देर बाद सुखवीर ने ताड़ी खाने के पास ही स्थित अरशाद की बाग में दम तोड़ दिया जबकि भंदू साइकिल से गांव चला गया था। कुछ देर बाद भंदू व रामचन्द्र की भी हालत खराब होने लगी, तब उन्हें ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया। सुखवीर की मौत की खबर पाकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों ने मौके पर पुलिस पुलिसकर्मियों से एसओ तेज प्रकाश सिंह को बुलाने की मांग की। ग्रामीणों ने ठेकेदार रामआसरे व सेल्समैन पर ताड़ी में जहरीला पदार्थ मिलाने का आरोप लगाया। गुस्साए ग्रामीणों ने दुर्गागंज चौराहे पर शव रखकर प्रदर्शन किया। इस दौरान लखनऊ-हरदोई राजमार्ग पर करीब चार घंटे तक जाम लगा रहा। सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गई थीं। बाद में किसी तरह मामला शांत हो सका। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी लेकिन पुलिस अथवा आबकारी विभाग ने मौके से ताड़ी का कोई सैंपल नहीं लिया है।

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एसओ के देर से पहुंचने से बिगड़े हालात

आक्रोशित ग्रामीण लगातार एसओ को मौके पर बुलाने की मांग कर रहे थे लेकिन एसओ काफी देर बाद वहां पहुंचे, इससे हालात बिगड़ते चले गए। एसओ के समझाने पर गुस्साए ग्रामीण जिलाधिकारी को बुलाने की मांग पर अड़ गए थे। करीब दो घंटे बाद पहुंचे मलिहाबाद तहसीलदार रामनारायण यादव व सीओ मलिहाबाद राजेश कुमार मिश्रा के समझाने के बाद भी ग्रामीणों ने जाम नहीं हटाया। बाद में पूर्व मंत्री कौशल किशोर ने किसी तरह मामले को शांत कराया। पुलिस ने घरवालों से ठेकेदार के खिलाफ तहरीर ले ली है।

ठेकेदार ने नष्ट करवा दी ताड़ी

सेल्समैन राजेन्द्र ने बताया कि ताड़ी रायबरेली से मंगायी जाती है। प्रतिदिन 10 से 15 पीपा ताड़ी की बिक्री की जाती है। एक बोतल ताड़ी की कीमत 20 रुपये है। वहीं पुलिस की लापरवाही का लाभ उठाकर सुखवीर की मौत के बाद ठेकेदार ने सारी ताड़ी नष्ट करवा दी थी।

परिवार का अकेला सहारा था

सुखवीर अपने परिवार में अकेला कमाने वाला था। परिवार में उसकी पत्‍‌नी कुंवारा देवी समेत चार बच्चे सुधीर (10), तनु (8), शिखा (5) व उदीर (3) हैं। सुखवीर के बड़े भाई की करीब तीन वर्ष पहले एक दुर्घटना में मौत हो गई थी।

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