हिंदू और बौद्ध दोनों ही धर्मों के लिए बुद्ध का होना जरूरी:रामकिंकर पाण्डे

सीतापुर-अनूप पाण्डेय,अरुण शर्मा/NOI- उत्तरप्रदेश जनपद सीतापुर में समता समाज सैनिक दल के द्वारा भगवान बुद्ध कथा का पांच दिवसीय आयोजन मछरेहटा क्षेत्र के ग्राम पंचायत भिटौरा ब्लाक मछरेहटा के ग्राम पट्टी में आयोजित हुआ दिनांक 9 जनवरी कथा के अन्तिम दिवस पर रामकिंकर पाण्डेय प्रमुख क्षेत्र पंचायत पिसावा ने कार्यक्रम स्थल पर पहुंचकर भगवान बुद्ध के जीवन चरित्र के बारे में बोलते हुए कहा जिस तरह एक जलते हुए दीये से हजारों दीपक रोशन किए जा सकते है,फिर भी उस दीये की रोशनी कम नहीं होती,उसी तरह खुशियां बांटने से हमेशा बढ़ती है, कभी कम नहीं होती बुद्धं शरणं गच्छामि : धम्मं शरणं गच्छामि :


संघं शरणं गच्छामि : अर्थात यही है सनातन धर्म। बु‍द्ध का मार्ग ही सच्चे अर्थों में धर्म का मार्ग है। दोनों तरह की अतियों से अलग एकदम स्पष्ट और साफ। जिन्होंने इसे नहीं जाना उन्होंने कुछ नहीं जाना। बुद्ध को महात्मा या स्वामी कहने वाले उन्हें कतई नहीं जानते। बुद्ध सिर्फ बुद्ध जैसे हैं।
अवतारों की कड़ी में बुद्ध अंतिम हैं। उनके बाद प्रलयकाल तक कोई अवतार नहीं होने वाला है। हिंदू और बौद्ध दोनों ही धर्मों के लिए बुद्ध का होना अर्थात धर्म का होना है। बुद्ध इस भारत की आत्मा हैं। बुद्ध को जानने से भारत भी जाना हुआ माना जाएगा। बुद्ध को जानना अर्थात धर्म को जानना है।
व कार्यक्रम के अंत में विशिष्ट अतिथि रामकिंकर पांडे प्रमुख क्षेत्र पंचायत पिसावा के द्वारा बौद्ध भिक्षुओं को अंग वस्त्र देकर सम्मानित किया गया इस कार्यक्रम के आयोजक डॉक्टर बी आर अंबेडकर ग्रामोदय समिति के अध्यक्ष डॉ सुधीर राजवंशी व मुख्य अतिथि जुगल किशोर गौतम पूर्व सदस्य उपभोक्ता आयोग डॉक्टर बी पी सिंह पीसीएस अधिकारी विशिष्ट अतिथि रामकिंकर पांडे ब्लाक प्रमुख पिसावा लालजी राजवंशी सुंदरलाल कमल बीडीसी सदस्य विजय करण सिंह महेश गौतम ग्राम प्रधान श्रीमती देवयानी पांडे शिवाकांत त्रिपाठी रंजीत कुमार श्री अवधेश कुमार महेश गौतम पूर्व प्रधान हरपालपुर लालजी राजवंशी शंभू राजवंशी मुरली गौतम श्री राजवंशी शिव कुमार दीक्षित राम प्रकाश दीक्षित व अन्य काफी लोग उपस्थित रहे।

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